न्यूयॉर्क ,दिनांकित 9 
फेसबुक की पैरेंट कंपनी मेटा ने 11,000 कर्मचारियों की छंटनी की है। छंटनी किए गए कर्मचारियों की संख्या कुल 87,000 कर्मचारियों की संख्या का लगभग 13 प्रतिशत है । कर्मचारियों को लिखे एक पत्र में, मेटा के सीईओ मार्क जुकरबर्ग ने कंपनी के घटते राजस्व , बढ़ती लागत और वैश्विक आईटी क्षेत्र के बारे में बढ़ती चिंताओं को कारण बताया।
एलोन मस्क के ट्विटर से बड़े पैमाने पर छंटनी के एक हफ्ते बाद मेटा में मार्क जुकरबर्ग की भारी छंटनी हुई। एक रिपोर्ट के मुताबिक अन्य टेक्नोलॉजी कंपनियां भी बड़े पैमाने पर छंटनी के दौर से गुजर रही हैं। गौरतलब है कि कोरोना महामारी के समय में आईटी कंपनियों में बड़े पैमाने पर कर्मचारियों की तेजी से भर्ती की गई थी।
मेटा के मुख्य कार्यकारी मार्क जुकरबर्ग ने एक ब्लॉग में कहा कि आज मैं मेटा के इतिहास के सबसे कठोर निर्णय की घोषणा करना चाहता हूं। हमने अपनी टीम का आकार 13 प्रतिशत कम करने का फैसला किया है। इस निर्णय के बाद , 11,000 प्रतिभाशाली कर्मचारी अपनी नौकरी खो देंगे। वर्तमान में मेटा में 87,000 कर्मचारी कार्यरत हैं । फेसबुक के अलावा जिन 11,000 कर्मचारियों की छंटनी की गईहै उनमें व्हाट्सएप और इंस्टाग्राम शामिल हैं।
हालांकि सूत्रों के मुताबिक जुकरबर्ग ने इस फैसले की जानकारी एक दिन पहले यानी मंगलवार को ही कर्मचारियों को दे दी थी। जिन कर्मचारियों की छंटनी की जाएगी उन्हें चार माह का अतिरिक्त वेतन दिया जाएगा।
गौरतलब है कि ट्विटर , वॉलमार्ट , फोर्ड , अलीबाबा समेत कई बड़ी कंपनियांमंदी के डर से लागत कम करने के लिए बड़े पैमाने पर कर्मचारियों की छंटनी कर रही हैं।
इस फैसले को लेकर मंगलवार की बैठक में मार्क जुकरबर्ग काफी निराश दिखे। उन्होंने कहा कि वह कंपनी के अनुचित कार्यों के लिए जिम्मेदार थे और विकास के बारे में उनके अति-आशावाद ने आवश्यकता से अधिक कर्मचारियों को काम पर रखा।
फेसबुक की स्थापना 2004 में हुई थी। बाद में इसका नाम बदलकर मेटा कर दिया गया। वर्तमान में मेटा में 87000 कर्मचारी कार्यरत हैं। 18 साल में पहली बार फेसबुक में इतनी बड़ी संख्या में कर्मचारियों की छंटनी की गई है।
फेसबुक की मूल कंपनी मेटा इस साल एसएंडपी 500 में सबसे खराब प्रदर्शन करने वाली कंपनी साबित हुई है। पिछले एक साल में मेटा शेयरों में 73 फीसदी की गिरावट आई है। जबकि पिछले एक महीने में 35 फीसदी की कमी आई है। पिछले साल 4 नवंबर 2021 को मेटा के शेयर की कीमत 338 डॉलर थी जो फिलहाल घटकर 90 डॉलर हो गई है।
कभी दुनिया के टॉप टेन सबसे अमीर लोगों की लिस्ट में शामिल जुकरबर्ग अब सबसे अमीर लोगों की लिस्ट में 29वें स्थान पर पहुंच गए हैं। फोर्ब्स की रियल टाइम बिलियनेयर्स लिस्ट के मुताबिक उनकी नेटवर्थ सिर्फ 33.5 अरब डॉलर हो गई है।
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